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पंजाब में गोल्डन टेंपल को 9 धमकी भरी ई-मेल्स के बाद अब शरारती तत्वों ने अमृतसर एयरपोर्ट को निशाना बनाया है। बीते दिन अमृतसर के श्री गुरु रामदास जी इंटरनेशनल एयरपोर्ट को एक ई-मेल भेजी गई। जिसमें बम से उड़ाने की बात कही गई। हैरानी की बात है कि इस ई-मेल का पैटर्न भी वैसा ही था, जैसा गोल्डन टेंपल को भेजी गई धमकियों का था।

स्पष्ट है कि ये भी वही ग्रुप है, जो पहले गोल्डन टेंपल को थ्रेट भेज रहा था। ई-मेल मिलने के बाद अमृतसर एयरपोर्ट पर सुरक्षा को बढ़ा दिया गया है। वहीं पुलिस ने भी एयरपोर्ट अथॉरिटी से जानकारी मिलने के बाद मामला दर्ज कर लिया है और साइबर सैल को इस मामले की जांच के आदेश दे दिए गए हैं। पुलिस कमिश्नर गुरप्रीत सिंह भुल्लर ने आश्वासन दिया है कि जल्द ही इस मामले को सुलझा लिया जाएगा।

डार्क वेब के अंधेरे में फंसी जांच
- एक नहीं, संगठन है इसके पीछे- इस पूरी घटना के पीछे एक व्यक्ति नहीं, पूरा संगठन या शातिर आईटी शिक्षित वर्ग काम कर रहा है। वे पुलिस के साइबर सैल के काम करने के तरीकों से भी वाकिफ है और बचने के रास्ते भी जानता है। ये संगठन एक जगह नहीं, अलग-अलग जगहों पर बैठ इस घटना को अंजाम दे रहा है।
- डार्क नेट- पुलिस भी मान रही है कि आरोपी डार्क नेट का प्रयोग कर हैं। इसमें IP ऐड्रैस को खोजा नहीं जा सकता। पुलिस कमिश्नर गुरप्रीत सिंह भुल्लर ने बताया कि डार्क नेट के कारण IP एड्रेस की लोकेशन अलग-अलग देशों की दिखाई जा रही है। आरोपी इतने शातिर हैं कि पहले वे आउटलुक से ई-मेल भेज रहे थे, लेकिन अब जो ई-मेल आ रही हैं, वे हॉटमेल से भेजी जा रही हैं।

- युवक हिरासत में लिया, लेकिन गिरफ्तारी के लिए सबूत पूरे नहीं– पंजाब पुलिस केस को सुलझाने के लिए केंद्रीय एजेंसियों के संपर्क में है। कुछ इनपुट्स मिले, जिसके बाद फरीदाबाद के आईटी प्रोफेशनल शुभम दूबे को हिरासत में लिया गया है। उसके आईटी उपकरण जब्त किए गए हैं। जिनकी फोरेंसिक जांच की जा रही है।
- शुभम खुद आईटी प्रोफेशनल है और उसके आईटी उपकरणों से जानकारी संगठित करना टेडी खीर साबित हो रही है। यही कारण है कि अभी तक उसे सिर्फ जांच में शामिल किया गया है, लेकिन अरेस्ट नहीं किया गया। अगर सबूत ना मिले तो पंजाब पुलिस को उसे छोड़ना होगा।
- ई-मेल्स में फर्जी नामों का इस्तेमाल- इन ईमेल्स में भेजने वालों ने जाने-माने व्यक्तियों के फर्जी नामों का इस्तेमाल किया है। पहली ई-मेल केरल के मुख्यमंत्री के नाम से भेजी गई। इसके बाद एक ई-मेल पूर्व चीफ जस्टिस ऑफ इंडिया के नाम से भी भेजी गईं। इन नामों का प्रयोग किया जाना भी चिंता का विषय बना हुआ है।

पुलिस का भरोसा, जल्द ही पहचान कर ली जाएगी
अमृतसर के पुलिस कमिश्नर गुरप्रीत सिंह भुल्लर के अनुसार जांच प्रक्रिया जारी है और तकनीकी विश्लेषण में समय लग सकता है। फिलहाल शुभम दुबे नामक व्यक्ति से पूछताछ की जा रही है। उन्होंने भरोसा दिलाया कि जल्द ही संदिग्धों की पहचान कर ली जाएगी।






