![]()
आज का पंचांग, 31 अक्टूबर 2025 (Amla Navami 2025): आज कार्तिक मास की नवमी तिथि है, जिसे आंवला नवमी के रूप में मनाया जाता है। मान्यता है कि इस दिन आंवले के वृक्ष की पूजा करने से सभी दोषों का नाश होता है और आयु, आरोग्य व सौभाग्य की प्राप्ति होती है। पंचांग के अनुसार, नवमी तिथि का आरंभ प्रातः 10 बजकर 04 मिनट तक रहेगा, इसके बाद दशमी तिथि प्रारंभ होगी। वहीं, चंद्रमा सुबह 7 बजे तक मकर राशि में और उसके बाद कुंभ राशि में गोचर करेगा। आज के दिन शुभ कार्यों के लिए विशेष मुहूर्त भी बन रहे हैं। आइए जानते हैं, दिनभर के शुभ मुहूर्त, राहुकाल और ग्रहों की चाल का पूरा विवरण।

आज का पंचांग (31 अक्टूबर 2025, शुक्रवार – आंवला नवमी):
आज कार्तिक शुक्ल पक्ष की नवमी तिथि है, जिसे आंवला नवमी कहा जाता है। यह तिथि धर्म और आयु वृद्धि के लिए अत्यंत शुभ मानी गई है। हिंदू पंचांग के अनुसार, आज की राष्ट्रीय मिति है कार्तिक 09, शक संवत् 1947, विक्रम संवत् 2082। सौर कार्तिक मास प्रविष्टे 14 है, जबकि हिजरी कैलेंडर के अनुसार आज जमादि उल्लावल 08, 1447 हिजरी तिथि है। सूर्य दक्षिणायण में और हेमंत ऋतु का प्रारंभिक चरण चल रहा है।
आज नवमी तिथि प्रातः 10 बजकर 04 मिनट तक रहेगी, जिसके बाद दशमी तिथि का आरंभ होगा। नक्षत्रों की स्थिति के अनुसार, घनिष्ठा नक्षत्र सायं 6:51 तक रहेगा और उसके बाद शतभिषा नक्षत्र प्रारंभ होगा। योगों में वृद्धि योग रात्रि 4:32 बजे तक रहेगा, जिसके बाद ध्रुव योग शुरू होगा। आज चंद्रमा सुबह 7 बजे तक मकर राशि में और उसके बाद कुंभ राशि में संचार करेगा।
सूर्योदय सुबह 6:32 पर और सूर्यास्त शाम 5:37 पर होगा। शुभ कार्यों के लिए ब्रह्म मुहूर्त 4:49 से 5:41 तक, विजय मुहूर्त 1:55 से 2:39 तक और गोधूलि बेला शाम 5:37 से 6:03 तक रहेगी। वहीं, राहुकाल प्रातः 10:30 से दोपहर 12 बजे तक रहेगा, जिसे अशुभ माना गया है। इसके अलावा गुलिक काल 7:30 से 9 बजे तक और यमगंड काल 3:30 से 4:30 तक रहेगा।
कुल मिलाकर, आज का दिन धार्मिक दृष्टि से अत्यंत पुण्यफलदायी है। आंवला पूजन, गोवर्धन पर्व की तैयारियों और देवी-देवताओं की आराधना के लिए यह श्रेष्ठ अवसर है। शुभ मुहूर्त में किए गए कार्यों से सफलता और सौभाग्य की प्राप्ति होती है।






