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सिरोही में जनसंघ के संस्थापक डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी की 72वीं पुण्यतिथि सोमवार को बलिदान दिवस के रूप में मनाई गई। बूथ संख्या 267 में राजपूत समाज नोरे में आयोजित कार्यक्रम में जालौर-सिरोही सांसद लुंबाराम चौधरी मुख्य वक्ता रहे।
सांसद चौधरी ने बताया कि डॉ. मुखर्जी का 23 जून 1953 को संदिग्ध परिस्थितियों में निधन हुआ था। उन्होंने ‘एक निशान, एक संविधान और एक प्रधान’ का नारा दिया था। मुखर्जी जम्मू-कश्मीर को भारत का अभिन्न अंग मानते थे। वे धारा 370 को समाप्त करने के लिए आवाज उठाने वाले पहले नेता थे।
उस समय जम्मू-कश्मीर जाने के लिए परमिट की आवश्यकता होती थी। वहां के मुख्यमंत्री को प्रधानमंत्री कहा जाता था। डॉ. मुखर्जी बिना परमिट के जम्मू-कश्मीर गए। उन्हें वहां पहुंचते ही गिरफ्तार कर लिया गया।सांसद चौधरी ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी डॉ. मुखर्जी के पदचिह्नों पर चल रहे हैं। वे भारतीय संस्कृति को विश्व में फैला रहे हैं। मोदी भारत को जगतगुरु के रूप में स्थापित करने के लिए प्रतिबद्ध हैं।
इस अवसर पर भाजपा के वरिष्ठ नेता बाबूलाल सगरवंशी, नगर मंडल अध्यक्ष चिराग रावल, युवा मोर्चा जिला अध्यक्ष गोपाल माली, कार्यक्रम संयोजक हरीश दवे ने भी संबोधित किया। सिरोही नगर के बूथ संख्या 260,264,268,272,271,255,266,276 बूथ में कार्यकर्ताओं ने पुष्पांजलि अर्पित की, मंच संचालन विक्रम सिंह ने किया।


इस अवसर पर पूर्व मंडल अध्यक्ष महेंद्र माली, नगर महामंत्री प्रकाश पटेल, कैलाश मेघवाल, उपाध्यक्ष राजेंद्र सिंह चौहान,बूथ अध्यक्ष सुनील गुप्ता, कार्यक्रम सह संयोजक महेंद्र सिंह परिहार, रमजान खान, प्रवीण राठौर, ललित प्रजापत, गोविंद सैनी, इंदर सिंह मकवाना, शिवलाल जीनगर, मानक चद सोनी, भरत सिंह राठौर, दीपक सैन, मनोज देवड़ा, वेदांत गुप्ता, ललित छिपा, राजेश छिपा, अशोक चौधरी, तरुण भाई सोनी, भरत माली, प्रवीण कंसारा, यशवंत सिंह सांखला, विक्रम सिंह गेहलोत, चन्द्रदीप सिंह सांखला, विजय सिंह सिंदल, करण सिंह सिसोदिया, करमवीर सिंह, माधो सिंह, चन्दन सिंह, कमलेश गुलाबवानी, सोलंकी, जीतू खत्री, विक्रम सोनी, बाबू सिंह, नरपत सिंह राठौर, ओम सैन, सवाराम मेघवाल, मोहन लाल छिपा सहित कार्यकर्ता उपस्थित थे






