![]()
“CCI Investigation: घरेलू विमानन बाजार में मजबूत पकड़ रखने वाली इंडिगो एयरलाइंस अब कंपीटिशन कमीशन ऑफ इंडिया (CCI) की जांच के दायरे में आ गई है। CCI ने दिसंबर महीने में अचानक बड़ी संख्या में फ्लाइट्स रद्द किए जाने के मामले को लेकर इंडिगो के खिलाफ जांच शुरू की है। यह जांच यह परखने के लिए की जा रही है कि क्या कंपनी के कदमों से प्रतिस्पर्धा नियमों का उल्लंघन हुआ और यात्रियों के हितों पर असर पड़ा।”

✈️🚨 IndiGo पर CCI का शिकंजा 🚨✈️
हजारों फ्लाइट कैंसिल करने पर शुरू हुई विस्तृत जांच
देश की सबसे बड़ी एयरलाइन इंडिगो (IndiGo) एक बार फिर मुश्किलों में घिरती नजर आ रही है। दिसंबर 2025 में बड़े पैमाने पर उड़ानें रद्द करने के मामले को लेकर भारतीय प्रतिस्पर्धा आयोग (Competition Commission of India – CCI) ने इंडिगो के खिलाफ विस्तृत जांच का आदेश दिया है। यह मामला घरेलू एविएशन सेक्टर में प्रतिस्पर्धा और यात्रियों के हितों से जुड़ा माना जा रहा है।
📅⚠️ पीक डिमांड सीजन में बड़ा फैसला ⚠️📅
यात्रियों को उठानी पड़ी भारी परेशानी
CCI के मुताबिक, दिसंबर जैसे पीक ट्रैवल सीजन में हजारों उड़ानों का अचानक रद्द होना यात्रियों के लिए गंभीर समस्या बन गया। इस दौरान जब लोग त्योहारों और छुट्टियों में यात्रा कर रहे थे, तब फ्लाइट कैंसिलेशन ने यात्रियों को विकल्पहीन स्थिति में डाल दिया। आयोग का मानना है कि इससे न सिर्फ यात्रियों को आर्थिक नुकसान हुआ, बल्कि भारतीय एविएशन मार्केट पर भी नकारात्मक असर पड़ा।
🕵️♂️📄 90 दिनों में रिपोर्ट देने का निर्देश 📄🕵️♂️
DG करेगा पूरे मामले की जांच
भारतीय प्रतिस्पर्धा आयोग ने अपने महानिदेशक (DG) को इस मामले की गहराई से जांच करने का आदेश दिया है। DG को निर्देश दिया गया है कि वह 90 दिनों के भीतर अपनी रिपोर्ट आयोग को सौंपे। इस रिपोर्ट के आधार पर ही CCI यह तय करेगा कि इंडिगो के खिलाफ आगे क्या कार्रवाई की जाएगी।
🚧😓 इंडिगो के लिए एक और झटका 😓🚧
पहले ही DGCA की कार्रवाई झेल चुकी है कंपनी
CCI की जांच से पहले ही इंडिगो को नागरिक उड्डयन महानिदेशालय (DGCA) की कार्रवाई का सामना करना पड़ा था। दिसंबर की शुरुआत में DGCA ने इंडिगो के विंटर शेड्यूल में 10% कटौती कर दी थी। यह फैसला ऑपरेशनल खामियों और उड़ानों में लगातार व्यवधान को देखते हुए लिया गया था।
🎫💸 यात्रियों के पास नहीं बचा कोई विकल्प 💸🎫
महंगे टिकट खरीदने को मजबूर हुए पैसेंजर्स
CCI ने अपने आदेश में कहा है कि जिन यात्रियों ने पहले से टिकट बुक कर रखे थे, उन्हें आखिरी समय में फ्लाइट कैंसिल होने के बाद या तो यात्रा रद्द करनी पड़ी या फिर बेहद महंगे किराए पर दूसरी एयरलाइंस की टिकट लेनी पड़ी। आयोग के मुताबिक, ऐसी स्थिति में यात्रियों के पास कोई व्यावहारिक विकल्प नहीं बचा था।
⚖️📜 कानून के तहत क्या कहा CCI ने? 📜⚖️
Competition Act की धारा 4 पर सवाल
CCI ने संकेत दिए हैं कि इंडिगो का यह आचरण प्रतिस्पर्धा अधिनियम की धारा 4(2)(b)(i) के तहत सेवाओं की आपूर्ति को सीमित करने जैसा हो सकता है। आयोग का मानना है कि किसी प्रमुख कंपनी द्वारा इस तरह का कदम बाजार में प्रतिस्पर्धा को प्रभावित कर सकता है।






